खराब स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत के लिए देहरादून में विशेष अभियान तेज, 806 लाइटें चिह्नित
डीएम के निर्देश पर जन सुरक्षा एवं महिला सुरक्षा के दृष्टिगत प्रमुख मार्गों पर अधिकारियों ने किया स्थलीय निरीक्षण
13 अधिकारियों को सौंपी गई जिम्मेदारी, नगर निगम, एनएचएआई, एमडीडीए एवं स्मार्ट सिटी को तत्काल मरम्मत के निर्देश
डार्क एरिया चिह्नित कर दुरुस्त की जाएगी प्रकाश व्यवस्था, लापरवाही पर तय होगी जिम्मेदारी


अभियान के प्रभावी संचालन के लिए जिलाधिकारी ने 13 अधिकारियों की ड्यूटी लगाते हुए उन्हें निर्धारित मार्गों का स्थलीय निरीक्षण करने, खराब स्ट्रीट लाइटों का चिन्हीकरण करने तथा मरम्मत की आवश्यकता के संबंध में विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने की जिम्मेदारी सौंपी। निरीक्षण का उद्देश्य खराब लाइटों की पहचान करने के साथ-साथ ऐसे डार्क एरिया चिह्नित करना भी है, जहां पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था उपलब्ध नहीं है।
निरीक्षण रिपोर्ट के अनुसार शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों पर स्ट्रीट लाइटों खराब पाई गई जिनमें रिस्पना पुल से आईएसबीटी मार्ग — 28, बल्लूपुर चौक से आईएसबीटी मार्ग — 26, घंटाघर से प्रेमनगर मार्ग — 50, घंटाघर से मसूरी डायवर्जन मार्ग — 45, सर्वे चौक से रायपुर मार्ग — 105, सहस्रधारा क्रॉसिंग से पैसिफिक गोल्फ कोर्स मार्ग — 83 स्ट्रीट लाइटें एवं 2 हाईमास्ट लाइटें, घंटाघर से निरंजनपुर मंडी मार्ग — 31, घंटाघर से बुद्धा चौक होते हुए रिस्पना पुल मार्ग — 65

खराब स्ट्रीट लाइटों का चिन्हीकरण कर संबंधित विभागों एवं एजेंसियों को तत्काल मरम्मत शुरू करने और प्रकाश व्यवस्था सुचारु बनाने के निर्देश दिए गए हैं।डीएम के निर्देशों के बाद मरम्मत कार्य में तेजी, संबंधित विभाग सड़कों पर उतरे
जिलाधिकारी डॉ0 आशीष चौहान ने नगर निगम, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई), मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) तथा स्मार्ट सिटी लिमिटेड के अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्राधिकार में आने वाली खराब स्ट्रीट लाइटों को तत्काल दुरुस्त कराने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि मरम्मत कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही अथवा अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

जिलाधिकारी ने कहा कि जन सुरक्षा से जुड़े इस महत्वपूर्ण अभियान में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। सभी संबंधित अधिकारी अभियान को गंभीरता से लेते हुए प्रकाश व्यवस्था की स्थिति में सुधार सुनिश्चित करें।डार्क एरिया चिह्नित कर मजबूत की जाएगी सुरक्षा व्यवस्थाजिलाधिकारी ने खराब स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत के साथ-साथ उन स्थानों को भी चिह्नित करने के निर्देश दिए हैं, जहां वर्तमान में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था नहीं है। विशेष रूप से प्रमुख चौराहों, सार्वजनिक आवागमन वाले मार्गों, बाजारों, अस्पतालों, शैक्षणिक संस्थानों तथा महिला सुरक्षा की दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्रों में प्रकाश व्यवस्था का आकलन कर आवश्यक सुधार किए जाएंगे।

जिला प्रशासन का उद्देश्य देहरादून शहर के प्रमुख मार्गों एवं सार्वजनिक स्थलों को सुरक्षित, प्रकाशयुक्त और नागरिकों के लिए अधिक सुविधाजनक बनाना है। इस अभियान के तहत खराब स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत के साथ-साथ अंधेरे वाले क्षेत्रों को चिह्नित कर वहां आवश्यक प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
