भूकंप मॉक ड्रिल आपदा से निपटने को जिला प्रशासन ने परखी तैयारी
देहरादून में 10 जगहों पर हुई मॉक ड्रिल, सीखा भूकंप से बचने का तरीका,


जिलाधिकारी के निर्देश पर सीडीओ अभिनव शाह ने एनआईसी में स्थापित कंट्रोल रूम पहुंचकर आईआरएस की कमान सभाली। इस दौरान सीडीओ आपदा कंट्रोल रूम से सभी घटना स्थलों पर रेस्क्यू कार्य का पल-पल अपडेट देते रहे। उत्तराखंड राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र से राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के उपाध्यक्ष विनय रूहेला, आपदा सचिव विनोद कुमार सुमन एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी रेस्क्यू ऑपरेशन को लाइव ऑब्जर्व कर रहे थे।

कोरोनेशन अस्पताल में इमरजेंसी वार्ड क्षतिग्रस्त होना दर्शाया गया। जिसमें 20 लोगों के दबे दिखाए गए। इसमें से 17 घायलों को रेस्क्यू किया गया व तीन लोगों की मृत्यु दिखाई गई। कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय कालसी का आवासीय भवन क्षतिग्रस्त होने से मलबे में फंसे सभी 18 बच्चों को सफल रेस्क्यू किया गया। स्पोर्ट्स ग्राउंड में हाई टेंशन लाइन की चपेट में आने से तीन लोगों की मृत्यु और 05 घायलों को दून मेडिकल कॉलेज लाया गया। एमडीडीए कॉलोनी में 100 लोगों के दबे होने की सूचना दी गई। इस घटना में 60 घायलों को इन्द्रेश अस्पताल पहुंचाया गया।

वही भू धसाव प्रभावित पाटा गांव में भारी क्षति पहुंचने पर 17 लोगों को प्राथमिक विद्यालय में सुरक्षित शिफ्ट कराया गया। सेलाकुई औद्योगिक क्षेत्र में इंडस्ट्री में क्लोरीन गैस लीक होने की स्थिति दर्शायी गई। टीम ने यहां पर 100 से अधिक मजदूरों को सुरक्षित रेस्क्यू किया गया। जिसमें से घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया। वही ऋषिकेश में टीएचडीसी में फंसे लोगों को टीम ने रेस्क्यू किया गया और घायलों को एम्स ऋषिकेश में भर्ती कराया गया।
मुख्य विकास अधिकारी कंट्रोल रूम से सभी घटना स्थलों पर राहत एवं बचाव कार्यों की पल-पल निगरानी कर रहे थे। जिलाधिकारी के निर्देश पर सभी घटना स्थलों पर क्षति आकलन करते हुए इसकी रिपोर्ट कंट्रोल रूम को दी गई। मॉक अभ्यास में शामिल रेस्क्यू टीमों को एक्सीडेंट कमांडर द्वारा ब्रीफ किया गया और मॉक अभ्यास को समाप्त किया गया।

मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह ने कहा कि मॉक अभ्यास सफल रहा। उन्होंने कहा अभ्यास मनुष्य को परिपूर्ण बनाता है। आपदा के समय राहत एवं बचाव कार्यों का प्रभावी ढंग से क्रियान्वयन के लिए पूर्वाभ्यास आवश्यक है। इससे आपसी समन्वय कायम होने के साथ आपदा बचाव कार्य के उपलब्ध संसाधनों और उपकरणों का इस्तेमाल की जानकारी भी मिलती है।

मॉक अभ्यास के दौरान कंट्रोल रूम में पुलिस अधीक्षक जया बलूनी, सिटी मजिस्ट्रैअ प्रत्यूष सिंह,, सीएमओ डॉ एमके शर्मा, डीडीओ सुनील कुमार, सीईओ वीके ढौडियाल, डीएसओ केके अग्रवाल सहित आईआरएस के तहत आपरेशन, प्लानिंग एवं लॉजिस्टिक सेक्शन से जुड़े सभी नोडल अधिकारी मौजूद थे।
