केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह बोले, केदारनाथ से कन्याकुमारी तक बाहर होंगे घुसपैठिया
केंद्रीय गृह मंत्री ने ‘जन जन की सरकार, 4 साल बेमिसाल’ कार्यक्रम के तहत हरिद्वार में आयोजित विशाल जनसभा को किया संबोधित
अमित शाह बोले उत्तराखंड की समस्याओं को चुन चुन कर हल कर रहे हैं मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी


तीन साल के भीतर मिलेगा न्याय
केंद्रीय गृह मंत्री ने सभी लोगों खासकर अधिवक्ता वर्ग से अपील करते हुए कहा कि वो नई न्याय संहिता पर लगाई गई प्रदर्शनी का जरूर अवलोकन करें। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अंग्रेजों के बनाए डेढ़ सौ साल पुराने कानूनों को बदलने का काम किया है, 2028 में नई न्याय संहिता के सभी प्राविधान पूरी तरह अमल में आ जाएंगे। इसके बाद किसी भी मामले में थाने में एफआईआर दर्ज होने के बाद सुप्रीम कोर्ट तक फैसला आने में अधिकतम तीन वर्ष का समय लगेगा। उन्होंने इसे दुनिया की सबसे आधुनिक ओर वैज्ञानिक न्याय संहिता करार दिया।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने धारा 370 समाप्त करने, सीएए कानून बनाने, साढे पांच सौ साल बाद अयोध्या में राम मंदिर बनाने, बद्रीनाथ – केदारनाथ पुननिर्माण, महाकाल लोक और काशी विश्वनाथ कॉरिडोर कई ऐतिहासिक कार्य किए हैं।
नकल विरोधी कानून से आई पारदर्शिता
केंद्रीय गृह मंत्री ने शनिवार को उत्तराखंड पुलिस में आरक्षी के तौर पर नियुक्ति पत्र प्राप्त करने वाले 1900 युवाओं को बधाई देते हुए कहा कि उत्तराखंड में अब बिना पर्चा और बिना खर्चा के सरकारी नौकरियां मिल रही हैं। इसके लिए पुष्कर सिंह धामी कठोर नकल विरोधी कानून लेकर आए हैं।

केदारनाथ से कन्याकुमारी तक बाहर होंगे घुसपैठिया
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उत्तराखंड में 10 हजार एकड़ सरकारी भूमि से अतिक्रमण हटाने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की प्रशंसा करते हुए कहा कि, सरकार केदारनाथ से कन्याकुमारी तक एक- एक घुसपैठिया को देश से बाहर निकालने के लिए संकल्पबद्ध होकर कार्य कर रही है।

उत्तराखंड के लिए केंद्रीय सहायता बढ़ी
केंद्रीय गृहमंत्री ने कहा कि 2004 से 2014 के बीच उत्तराखंड को केंद्र सरकार से सिर्फ 54 हजार करोड़ मिले, जबकि इसके बाद से उत्तराखंड को केंद्र से एक लाख 87 हजार करोड़ रुपए मिल चुके हैं, इसके अलावा केंद्र सरकार के सहयोग से उत्तराखंड में हजारों करोड़ रुपए की ऑलवेदर रोड, दिल्ली – देहरादून इकानॉमिक कॉरिडोर, रेल, सड़क और परियोजनाओं पर भी काम चल रहा है।

नव नियुक्त आरक्षियों को मिले नियुक्ति पत्र
इस मौके पर गृहमंत्री ने उत्तराखंड पुलिस में नव नियुक्त आरक्षियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए, जिसमें से अमन सिंह, आकाश, अभय चौहान, अर्जुन नाथ गोस्वामी, योगेश नाथ ने मंच से नियुक्ति पत्र प्राप्त किए।
नागरिकता प्रमाणपत्र प्रदान किए गए
आयोजन के दौरान पाकिस्तान, अफगानिस्तान से आए 162 शरणार्थियों को भारत की नागरिकता का प्रमाणपत्र प्रदान किया गया। इसमें पाकिस्तान के बलूचिस्तान स्थित सिद्धपीठ हिंगलाज माता मंदिर के पुजारी परिवार से जुड़े शैलेश, भट्टाग्राम, पाकिस्तान से आए जसपाल कुमार, कराची, पाकिस्तान में महिलाओं के साथ होने वाले उत्पीड़न से तंग आकर भारत आने वाले दुर्गानाथ टी. राजपूत और अफगानिस्तान से आई श्रीमती हंसेरी बाई को मंच पर नागरिकता का प्रमाणपत्र प्रदान किया गया।

ई जीरो एफआईआर का शुभारंभ
इस मौके पर गृहमंत्री ने उत्तराखंड में ई जीरो एफआईआर प्रणाली का भी शुभारंभ किया।
भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 173 के अंतर्गत शुरू की जा रही ई-जीरो एफआईआर प्रणाली विशेष रूप से एक लाख से अधिक की वित्तीय साइबर धोखाधड़ी के पीड़ितों को त्वरित सहायता प्रदान करने के उद्देश्य से विकसित की गई है। अब 1930 हेल्पलाइन या नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर प्राप्त शिकायतें, देहरादून स्थित राज्य साइबर पुलिस स्टेशन में ई-जीरो एफआईआर के रूप में पंजीकृत होंगी और तत्पश्चात सीसीटीएनएस के माध्यम से संबंधित थाने को तत्काल प्रेषित की जाएंगी।
इससे पुलिस को गोल्डन ऑवर में तुरंत कार्रवाई करने, साक्ष्य संकलन प्रारम्भ करने तथा संदिग्ध लेन-देन को फ्रीज़ करने में सहायता मिलेगी, जिससे ठगे गए धन की अधिक से अधिक रिकवरी की संभावना बढ़ेगी।

विकल्प रहित संकल्प पुस्तक का विमोचन
